Breaking News
Home / उत्तर-प्रदेश / गन्ना समितियों द्वारा पर्ची निर्गमन की नई व्यवस्था के बेहतर परिणाम : सुरेश राणा
suresh rana

गन्ना समितियों द्वारा पर्ची निर्गमन की नई व्यवस्था के बेहतर परिणाम : सुरेश राणा

suresh ranaलखनऊः उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ द्वारा गन्ना कृषकों के हित में लिये गये निर्णयों एवं गन्ना मंत्री सुरेश राणा के अथक प्रयासों से गन्ना समितियों द्वारा पर्ची निर्गमन की नई व्यवस्था के बेहतर परिणाम मिलने शुरू हो गये है. प्रदेश के गन्ना मंत्री ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पर्ची निर्गमन कार्य की समीक्षा में पाया कि इस वर्ष गन्ना समितियों द्वारा पर्ची प्रिन्टिंग एवं निर्गमन की नई व्यवस्था लागू किये जाने के उत्साहजनक परिणाम प्राप्त हुए हैं.

वैसे गत एक दशक से भी ज्यादा समय से गन्ना आपूर्ति हेतु किसानों को पर्ची निर्गमन का कार्य चीनी मिलों द्वारा किया जा रहा था. गन्ना सर्वेक्षण कार्य में चीनी मिलों द्वारा असहयोग करने के कारण गन्ना मंत्री ने सर्वे, सट्टा फीडिंग, कैलेंडरिंग व पर्ची निष्कासन का कार्य प्रदेश की गन्ना समितियों द्वारा स्वयं या आउट सोर्सिंग एजेंसी से कराने का निर्णय लिया.

gannaइसके चलते पश्चिमी उ.प्र. में सहारनपुर एवं मेरठ मण्डल में गत वर्ष के माह दिसम्बर में 6,27,596 कृषकों को जारी 23,91,984 पर्चियों के सापेक्ष इस वर्ष 6,78,251 कृषकों को 24,42,452 पर्चियां निर्गत की गई. इस प्रकार अधिक कृषकों को अधिक संख्या में पर्चियां निर्गत की गई. 60 कुंतल तक बेसिक कोटा वाले छोटे कृषकों को भी गत वर्ष जारी 1,55,089 पर्चियों के सापेक्ष इस वर्ष 2,03,003 पर्चियां जारी की गई. गत वर्ष माह दिसम्बर तक मात्र 66,230 छोटे कृषकों को पर्चियां जारी की गई जबकि इस वर्ष 76,766 छोटे कृषकों को पर्चियां निर्गत की जा चुकी हैं. इस प्रकार गत वर्ष के सापेक्ष 10,536 अधिक छोटे कृषकों को पर्चियां निर्गत की गई हैं. प्रत्येक गन्ना समिति स्तर पर इन्क्वायरी टर्मिनल स्थापित किये गये है मोबाइल एप से भी सर्वे, सट्टा, पर्ची की जानकारी कृषकों को दी जा रही है. गन्ना किसानों को पेपर पर्ची के साथ एसएमएस द्वारा उनके मोबाइल पर भी पर्ची भेजी जा रही है जिससे पर्ची नष्ट करने वाले माफियाओं पर अंकुश लगा है और 11,833 फर्जी सट्टे भी बंद किये गये, तथा रिकार्ड 55049 नये सदस्य बने है.

पूर्णतः पारदर्शी एवं विकेन्द्रित पर्ची निर्गमन वर्तमान व्यवस्था में प्रिंट के साथ किसान के मोबाइल पर एसएमएस द्वारा पर्ची भेजी जा रही है और वह पर्याप्त समय मिल जाने के कारण ताजा एवं साफ सुथरा गन्ना चीनी मिल को आपूर्ति कर रहा हैं. ताजा गन्ने की आपूर्ति के कारण पश्चिमी उ.प्र. में औसत चीनी परता में 0.49 प्रतिशत में उल्लेखनीय वृद्धि हुई और औसत चीनी परता गत वर्ष के 10.07 प्रतिशत से बढ़कर 10.56 हो गई है. कुल गन्ना पेराई भी गत वर्ष के 531.07 लाख कुं. से बढ़कर 560.09 लाख कुंतल हो गयी है.

गन्ना मंत्री ने बताया कि बेहतर व्यवस्था के फलस्वरूप किसान चीनी मिलों को गन्ने की आपूर्ति कर रहा है, पश्चिमी उ.प्र. में गत वर्ष 18 खांडसारी इकाइयों द्वारा 31 दिसम्बर तक 9.78 लाख कुन्टल गन्ना खरीदा गया इसके सापेक्ष इस वर्ष 22 खांडसारी इकाईया संचालित हुई लेकिन उनके द्वारा 31 दिसम्बर तक 7.45 लाख कुन्टल गन्ना खरीदा गया है. इससे गत वर्ष के सापेक्ष खांडसारी ईकाईयों में वृद्धि के बावजूद उन्हें कम गन्ना प्राप्त हो रहा है.

Check Also

pandya

हार्दिक पांडेया और केएल राहुल को भरना होगा 20-20 लाख रुपये का जुर्माना

टीम इंडिया के स्टार खिलाड़ी हार्दिक पांडेया और केएल राहुल को ‘काफी विद करण’ टीवी …

kapil 2

विश्व के सभी कोनों से गुरुद्वारों की तस्वीरों को एक साथ साझा करती है ‘वी द सिख्स’ 

नई दिल्ली: गुरु नानक देव जी की जयंती के 550 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में …

photo

सादगी से पदयात्रा: कांग्रेस प्रत्याशी आचार्य प्रमोद कृष्णम ने किया नामांकन

लखनऊ । लखनऊ संसदीय क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी आचार्य प्रमोद कृष्णम ने आज हजारों समर्थकों …

dddd

विश्व धरोहर दिवस: राज्य संग्रहालय में उत्कृष्ट कलाकृतियों की प्रदर्शनी शुरू

लखनऊ: विश्व धरोहर दिवस के अवसर पर राज्य संग्रहालय में राज्य संग्रहालय की उत्कृष्ट कलाकृतियों …

hockey

यूपी सब जूनियर बालक हॉकी टीम के ट्रायल 21 अप्रैल से

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सब जूनियर बालक हॉकी टीम के चयन के लिए ट्रायल सैफई …

richa

ओफ्फोह : कास्टिंग काउॅच के चलते बर्बाद हुआ इस इस एक्ट्रेस का करियर

नई दिल्ली : बॉलीवुड में कास्टिंग काउॅच के चलते कई एक्टर्स का करियर बर्बाद हुआ …