July 29, 2021

कोरोना की पारदर्शी जांच की मांग, अमेरिका ने चीन पर साधा निशाना 

प्रतीकात्मक चित्र सोशल मीडिया

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नई दिल्ली. कोरोना महामारी के संक्रमण के चलते चीन पूरी दुनिया में संदेह के घेरे में है. वैसे अमेरिका सहित कई देशों में हुए शोध व रिपोर्ट के साथ ये दावा हुआ है कि चीन इसका जिम्मेदार है लेकिन चीन इसको ख़ारिज करता रहता है. इसी क्रम में एक ताजा मीडिया रिपोर्ट के हवाले के बाद अब अमेरिका ने चीन पर फिर निशाना साधा है.

इस मामले में  अमेरिका ने बोला कि गहन जांच के लिए  विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्लूएचओ) और चीन दोनों को पारदर्शी प्रक्रिया का सहारा लेना होगा. व्हाइट हाउस के वरिष्ठ सलाहकार एंडी स्लेविट के अनुसार हमारा लक्ष्य कोरोना की जड़ों का हर हाल में पता लगाना हैं और  इसमें  डब्लूएचओ को मदद करनी होगी क्योंकि इस बीमारी की जड़ में पहुँचने के बाद ही इस दिशा में  आगे कुछ हो सकता हैं.

प्रतीकात्मक चित्र सोशल मीडिया
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दरअसल कोरोना महामारी के संक्रमण फैलने के कुछ समय बाद नवम्बर 2019 में वुहान लैब में रिसर्च करने वाले बीमार हुए थे. इन्हें जब अस्पताल में भर्ती किया गया तो पता चला कि इनमें कोरोना जैसे लक्षण थे. इसके बाद से ही अमेरिका चीन पर लगातारदबाव बना रहा है.

इस बीच साल 2021 के शुरू में कोरोना की पड़ताल के लिए चीन गए जांच दल ने यह कहकर चीन को क्लीन चिट दे दी थी कि वुहान लैब से कोरोना फैलने का अंदेशा न के बराबर है. वैसे  चीन ने इस जांच दल को न तो सहयोग किया और इसके साथ ही डब्लूएचओ को जांच के लिए डेटा भी देने से माना कर दिया था.

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चीन ने चीन ने इस जांच दल को चीन आते ही कोरेंटाइन कर दिया था क्योंकि जांच दल में कुछ सदस्यों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव थी.माना जा रहा है कि इन हालात के मद्देनजर  चीन में  मौजूद इस टीम को क्लीन चिट देकर मामले से  तुरंत छुटकारा पाना आसान लगा.


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