July 23, 2021

डा.जगदीश गाँधी को मिलेगा इंग्लैण्ड का प्रतिष्ठित ‘ग्लोबल पायनियर अवार्ड’

Share This News

लखनऊ। सिटी मान्टेसरी स्कूल के संस्थापक एवं प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गाँधी को शिक्षा के क्षेत्र में अतुलनीय योगदान हेतु इंग्लैण्ड के अत्यन्त प्रतिष्ठित ‘ग्लोबल पायनियर अवार्ड-2021’ हेतु चयनित किया गया है, जो कि लखनऊ के लिए ही नहीं अपितु देश के लिए गौरव की बात है.

सीएमएस के मुख्य जन-सम्पर्क अधिकारी हरि ओम शर्मा ने बताया कि डा. गाँधी विगत 62 वर्षों से सम्पूर्ण विश्व में शिक्षा के माध्यम से एकता व शान्ति स्थापना का परचम लहरा रहे हैं एवं भावी पीढ़ी के सुन्दर, सुखमय व सुरक्षित भविष्य हेतु आदर्श विश्व व्यवस्था की स्थापना में जी-जान से जुटे हैं.

डा. गाँधी के मार्गदर्शन में सिटी मान्टेसरी स्कूल पिछले 20 वर्षों से लगातार विश्व के मुख्य न्यायाधीशों के अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन करता आ रहा है। इस अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलन में अभी तक विश्व के 133 देशों के 1222 मुख्य न्यायाधीश, न्यायाधीश एवं राष्ट्राध्यक्ष आदि प्रतिभाग कर चुके हैं.

इसके साथ विश्व की न्यायिक बिरादरी ने सीएमएस की विश्व एकता, विश्व शान्ति व विश्व के ढाई अरब बच्चों के सुरक्षित भविष्य की मुहिम को भारी समर्थन दिया है. इन्ही अथक प्रयासों का प्रतिफल है कि डा. गाँधी को विश्व के इस अत्यन्त प्रतिष्ठित अवार्ड हेतु फाइनलिस्ट के तौर पर चयनित किया गया है.

श्री शर्मा ने बताया कि इस अवसर पर एक अनौपचारिक वार्ता में डा. गाँधी ने कहा कि ग्लोबलाइजेशन के इस दौर में विश्व के सभी एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं, ऐसे में भावी पीढ़ी को शुरूआत से ही विश्व नागरिक बनाना एवं वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी कार्यक्रमों का आयोजन अपरिहार्य ही है क्योंकि जलवायु परिवर्तन, अशिक्षा, गरीबी जैसी अनेकों वैश्विक समस्याओं के समाधान वैश्विक दृष्टिकोण से प्राप्त किये जा सकते हैं.

डा. गाँधी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र संघ के सतत विकास लक्ष्यों एवं भारत की राष्ट्रीय शिक्षा नीति में भी ‘ग्लोबल सिटीजनशिप एजूकेशन’ की बात कही गई है. श्री शर्मा ने बताया कि वैसे तो शिक्षा के क्षेत्र में डा. जगदीश गाँधी को अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अनेक पुरस्कारों व सम्मानों से नवाजा जा चुका है, परन्तु ‘ग्लोबल पायनियर अवार्ड’ का अपना अलग ही महत्व है.

शिक्षा के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर नवीनता एवं उपलब्धियों को प्रोत्साहित करता है और विश्व में सर्वाधिक प्रतिस्पर्धी पुरस्कार माना जाता है। श्री शर्मा ने बताया कि इस प्रतिष्ठित पुरस्कार हेतु लखनऊ की सरजमीं से डा. गाँधी का फाइनलिस्ट के तौर पर चयनित होना शिक्षा के क्षेत्र में अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर आपकी लीडरशिप को स्वयं ही प्रमाणित करता है.

CMS Student सुमन कुमार को आईबीटी के अन्तर्गत अंग्रेजी में प्रथम रैंक


Share This News