July 23, 2021

डीआरडीओ द्वारा विकसित कोविड-19 रोधी “2 DG” दवा लांच, ये होगा फायदा 

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नई दिल्ली : भारत के सामने इस समय कोरोना महामारी के चलते बुरा हाल है. इस बीच एक बड़ी राहत के तौर पर रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ)  द्वारा विकसित की गयी कोविड-19 रोधी दवा 2-डीजी की पहली खेप की लॉन्चिंग हुई. इसे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने लांच किया.

इस दवा के  कोविड-19 के मध्यम लक्षण वाले तथा गंभीर लक्षण वाले मरीजों पर आपातकालीन इस्तेमाल के लिए भारत का औषधि महानियंत्रक (डीजीसीआई) मंजूरी दे चूका है. हाल ही में डीआरडीओ ने ओस एंटी-कोविड दवाई बनाने के दावे के साथ बोला था ग्लूकोज पर आधारित इस दवाई के लेने से कोरोना ग्रस्त मरीजों को ऑक्सीजन पर निर्भरता कम होगी.

ये दावा  एंटी कोविड मेडिसिन ‘2-डिओक्सी-डी-ग्लूकोज’  (2डीजी, 2DG) डीआरडीओं ने रेड्डी लैब के साथ बनायी है जिसके क्लीनिकल-ट्रायल के बाद ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया ने इमरजेंसी इस्तेमाल की मंजूरी दी है.

हफ्ते में 10,000 के आस पास होगा कुल उत्पादन

डीआरडीओ चीफ जी. सतीश रेड्डी ने बोला कि अभी हफ्ते में 10,000 के आस पास कुल उत्पादन होगा. आज एम्स, AFMS और डीआरडीओ अस्पतालों को इसे दिया गया है जबकि  बाकी राज्यों को अगले चरण में और सभी जगह पर जून के पहले हफ्ते से सप्लाई होगी.  उन्होने आगे बोला कि इसे मरीज के वजन और डॉक्टर के प्रिसक्रिप्शन के आधार पर कम से कम 5-7 दिन सुबह-शाम 2 डोज़ लेना है.

कोरोना का इलाज : डीआरडीओ की 2-DG दवा के आपातकालीन इस्तेमाल की अनुमति 

2डीजी दवा से कोरोना का इलाज, भविष्य में कैंसर के उपचार में भी प्रयोग संभव 

ये दवा अभी एक सैशे के रुप में मिलेगी जिसे  ओआरएस की तरह इसे भी पानी में घोलकर दिया जाएगा. वैसे दवा की कीमत पर रेड्डीज लैबोरेटरी में कुछ भी नहीं कहा है लेकिन ये कहा जा रहा है है कि ये दवा किफायती दरों पर ही मरीजों को मिलेगी.

2 डीजी अणु का एक परिवर्तित रूप  2 डीजी  दवा से ट्यूमर और कैंसर की कोशिकाओं का इलाज होता है. इस दवा के ट्रायल में जानकारी मिली की  2 डीजी लेने से  कोविड मरीजों के इलाज के साथ हॉस्पिटल में भर्ती मरीजों की ऑक्सीजन पर निर्भरता कम होती है. हालांकि अभी ये दवा  प्राइमरी मेडिसिन के सपोर्ट में सेकेंडरी मेडिसिन की तरह ली जाएगी.


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