July 24, 2021

Olympics : भारत ने अब तक झटके कुल 28 मैडल

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टोक्यो ओलंपिक का आगाज 23 जुलाई से होगा. ये ओलंपिक पिछले साल आयोजित होना था, लेकिन कोरोना के चलते इसको पोस्टपोन करना पड़ा था. भारत ने ओलंपिक में अभी तक कुल 9 गोल्ड, 7 सिल्वर और 12 ब्रोन्ज मैडल जीते है. पहले ओलंपिक 1896 में ग्रीस के एथेंस में खेले गये थे. भारत ने पहली बार ओलंपिक में 1900 में हिस्सा लिया था.

ओलंपिक (आजादी से पहले) : 1900-1936

भारत ने 1900 में पहली बार ओलंपिक में भाग लिया जिसमें भारत ने सिर्फ एक एथलीट नॉर्मन प्रिचर्ड था. उन्होंने देश के लिए पुरुष 200 मीटर की रेस और 200 मीटर हर्डल इवेंट में मैडल अपने नाम किया था. उसके बाद से भारत हर ओलंपिक में भाग लेता है. 1920 में भारत ने पहली बार ओलंपिक में अपनी टीम भेजी थी, जिसमें 6 एथलीट और 2 रेसलर थे.

हालांकि 1928 में भारत ने अपना पहला गोल्ड मैडल जीता. एम्सटर्डम ओलंपिक- 1928 में भारत ने हॉकी में अपना पहला गोल्ड मैडल अपने नाम किया. भारत ने ऑस्ट्रिया, बेल्जियम, डेनमार्क, स्विट्जरलैंड को और फाइनल में नीदरलैंड को हराया. 1932 में भारत ने अमेरिका को 24-1 के रिकॉर्ड अंतर से हराया, जो आज भी बना है. भारत ने 1936 के बर्लिन ओलंपिक में जर्मनी को 8-1 से हराया. उस समय भारत ब्रिटिश इंडिया की तरफ से भाग लेता था.

ओलंपिक (आजादी के बाद) : 1948-2000

विश्व युद्ध के चलते अगला ओलंपिक 1948 में लंदन में खेला गया जहां भारत ने हॉकी में गोल्ड मैडल अपने नाम किया. स्वतंत्र भारत में भारत का ये पहला ओलंपिक मैडल था. 1952 के हेलसिंकी ओलंपिक में भारत को पहला इंडीविजुअल मेडल खाशबा दादा साहेब जाधव ने कुश्ती में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया. इस ओलंपिक 1952 में भी भारत ने हॉकी में गोल्ड अपने नाम किया था.

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1956 के मेलबर्न ओलंपिक में फिर से भारत ने हॉकी में गोल्ड मैडल अपने नाम किया. 1960 के रोम ओलंपिक में भारत को हॉकी में सिल्वर मिला. इसके बाद 1964 के ओलंपिक में भारत ने हॉकी में गोल्ड मैडल जीता और 1968 के मेक्सिको सिटी ओलंपिक में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया था.

1972 के म्यूनिख ओलंपिक में फिर से हॉकी टीम को ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया. और 1980 के मॉस्को ओलंपिक में भारत को फील्ड हॉकी में गोल्ड मैडल जीता. ये भारत का हॉकी में आखिरी मैडल है. इसके बाद ओलंपिक में भारत के लिए 1996 के अटलांटा ओलंपिक में लिएंडर पेस ने टेनिस में ब्रॉन्ज मैडल जीता, जो भारत का ओलंपिक में टेनिस में मिला अब तक का इकलौता मैडल है.

सिडनी ओलंपिक-2000 में भारत की कर्णम मल्लेश्वरी ने भारोत्तोलन में 69 किलो वीमेंस कैटेगरी में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया. उन्होंने 240 किलो का वजन उठाया. कर्णम देश के लिए ओलंपिक में मेडल जीतने वाली पहली महिला हैं.

ओलंपिक 2004-2016

एथेंस ओलंपिक-2004 में भारत के शूटर राज्यवर्धन सिंह राठौर ने पुरुष डबल ट्रैप में शूटिंग में सिल्वर मैडल जीता. ये शूटिंग में भारत का पहला ओलंपिक मैडल था. इसके बाद 2008 के बीजिंग ओलंपिक में भारत को पहली बार इंडीविजुअल गोल्ड जीता. भारत के निशानेबाज अभिनव बिंद्रा ने पुरुष 10 मीटर एयर राइफल केटेगरी में 700•5 अंक हासिल किया और गोल्ड अपने नाम किया.

उसी साल सुशील कुमार ने कुश्ती में भारत का 56 साल का सूखा खत्म करते हुए पुरुष फ्रीस्टाइल कैटेगरी में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया. इसके बाद मुक्केबाज विजेंद्र सिंह ने बॉक्सिंग में ब्रॉन्ज मैडल जीता.

वर्ष 2012 के लंदन ओलंपिक में भारत ने 6 ओलंपिक मैडल जीते. इस साल विजय कुमार ने पुरुष 25 रैपिड फायर पिस्टल में सिल्वर मैडल जीते और गगन नारंग ने पुरुष 10 मीटर एयर राइफल में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया. सुशील कुमार ने पुरुष फ्रीस्टाइल 66 किलो वर्ग में सिल्वर मैडल जीता और योगेश्वर दत्त ने पुरुष फ्रीस्टाइल 60 किलो वर्ग में ब्रोन्ज मैडल जीता.

साइना नेहवाल ने बैडमिंटन के वीमेंस सिंगल्स में ब्रोन्ज मैडल अपने नाम किया और मैरीकॉम ने वीमेंस फ्लाइवेट में ब्रोन्ज मैडल जीता. 2016 के रियो ओलंपिक में भारत केवल 2 मेडल जीत सका. इसमें कुश्ती में वीमेंस फ्रीस्टाइल 58 किलो वर्ग में साक्षी मालिक ने ब्रोन्ज मैडल जीता. साक्षी भारत के लिए कुश्ती में पदक लाने वाली पहली महिला हैं. पीवी सिंधु ने बैडमिंटन के वीमेंस सिंगल्स में सिल्वर मैडल जीता था.


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